चंदन सिंह | पेज 3 न्यूज़ वर्ल्डवाइड | नई दिल्ली
असत्य पर सत्य और अधर्म पर धर्म की विजय का संदेश देती है रामलीला : मुख्यमंत्री
रोहिणी में ‘सनातन संस्कारम् – परंपरा से भविष्य की ओर’ रामलीला में शामिल हुईं मुख्यमंत्री; कपिल मिश्रा ने रविन्द्र इन्द्राज सिंह की सराहना की
नई दिल्ली, 13 अक्टूबर। दिल्ली की मुख्यमंत्री श्रीमती रेखा गुप्ता ने कहा कि रामलीला भारतीय संस्कृति और सनातन परंपराओं को नई पीढ़ी तक पहुंचाने का सशक्त माध्यम है। रामलीला का मंचन और दशहरे पर रावण दहन हमें संदेश देता है कि अंततः असत्य पर सत्य तथा अधर्म पर धर्म की विजय होती है।
मुख्यमंत्री मंगलवार को रोहिणी स्थित डीडीए रामलीला मैदान, सेक्टर-23 में सनातन संस्कारम् परिवार द्वारा आयोजित ‘सनातन संस्कारम् – परंपरा से भविष्य की ओर’ रामलीला में शामिल हुईं। उन्होंने दर्शकों के बीच बैठकर भगवान श्रीराम की लीला का आनंद लिया और प्रभु श्रीराम की भव्य बारात के दर्शन किए। इस अवसर पर दिल्ली सरकार के कला, संस्कृति एवं भाषा मंत्री श्री कपिल मिश्रा तथा कैबिनेट मंत्री श्री रविन्द्र इन्द्राज सिंह भी उपस्थित रहे।
मुख्यमंत्री ने रामलीला के भव्य आयोजन की सराहना करते हुए सनातन संस्कारम् परिवार और मंत्री रविन्द्र इन्द्राज सिंह को बधाई दी। उन्होंने कहा कि नवरात्रि की पूजा और दशमी का पर्व समाज को यह सीख देते हैं कि बुराई कितनी भी शक्तिशाली क्यों न दिखाई दे, अंततः विजय सत्य और धर्म की ही होती है। ऐसे सांस्कृतिक आयोजन लोगों को अपनी जड़ों से जोड़ने के साथ सामाजिक और पारिवारिक मूल्यों को भी मजबूत करते हैं।
श्रीमती रेखा गुप्ता ने कहा कि इतने कम समय में रामलीला को भव्य स्वरूप प्रदान करना सराहनीय है। उन्होंने कहा कि जनप्रतिनिधियों की सक्रियता और सांस्कृतिक परंपराओं के प्रति समर्पण भारतीय विरासत को आगे बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
राम के आदर्श समाज को देते हैं एकता और मर्यादा की प्रेरणा
दिल्ली सरकार के कला, संस्कृति एवं भाषा मंत्री श्री कपिल मिश्रा ने कहा कि मुख्यमंत्री श्रीमती रेखा गुप्ता के नेतृत्व में दिल्ली सरकार जनता की आस्था और सांस्कृतिक परंपराओं का सम्मान करते हुए उन्हें प्रोत्साहित करने के लिए प्रतिबद्ध है। रामलीला जैसे आयोजन समृद्ध सांस्कृतिक विरासत को संरक्षित करने और अगली पीढ़ी तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
श्री मिश्रा ने कैबिनेट मंत्री श्री रविन्द्र इन्द्राज सिंह की सराहना करते हुए कहा कि वे धर्म और संस्कृति की गहरी समझ रखने के साथ प्रशासनिक दायित्वों को भी भली-भांति समझते हैं। उन्होंने कहा कि श्री सिंह समाज के गरीब और कमजोर वर्गों को आवाज देने तथा उन्हें सशक्त बनाने की दिशा में भी सक्रिय हैं।
भगवान श्रीराम के आदर्शों का उल्लेख करते हुए श्री कपिल मिश्रा ने कहा कि प्रभु श्रीराम का जीवन एकजुटता, साहस, मर्यादा और सत्य के मार्ग पर चलने की प्रेरणा देता है। इन आदर्शों को अपनाकर समाज में सकारात्मकता, सद्भाव और राष्ट्रीय एकता को मजबूत किया जा सकता है।
नई पीढ़ी को संस्कारों से जोड़ने पर जोर
कैबिनेट मंत्री श्री रविन्द्र इन्द्राज सिंह ने रामलीला में शामिल होने के लिए मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री का मार्गदर्शन और भारतीय संस्कृति एवं सनातन परंपराओं के संरक्षण के प्रति उनकी प्रतिबद्धता ऐसे आयोजनों को नई ऊर्जा प्रदान करती है।
श्री सिंह ने कहा कि भगवान श्रीराम भारतीय संस्कृति के आधार हैं और उनके आदर्श प्रत्येक भारतीय के मन में बसे हैं। प्रभु श्रीराम का जीवन, उनके विचार, करुणा और संस्कार भारतीय समाज को सही दिशा में आगे बढ़ने की प्रेरणा देते हैं।
उन्होंने कहा कि रामलीला केवल धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति, जीवन मूल्यों और संस्कारों को आने वाली पीढ़ियों तक पहुंचाने का प्रभावी माध्यम है। ऐसे आयोजन बच्चों और युवाओं को अच्छे आचरण, कर्तव्यनिष्ठा, मर्यादा और सामाजिक मूल्यों को अपने जीवन में अपनाने की प्रेरणा देते हैं।
श्री रविन्द्र इन्द्राज सिंह ने कहा कि ‘सनातन संस्कारम् – परंपरा से भविष्य की ओर’ की भावना के अनुरूप आयोजित यह रामलीला परंपरा और आधुनिकता के समन्वय का उदाहरण है। सनातन संस्कारम् परिवार ने भगवान श्रीराम के आदर्शों और सनातन मूल्यों को जन-जन तक पहुंचाने के लिए सराहनीय प्रयास किया है। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन सांस्कृतिक चेतना, धार्मिक आस्था और सामाजिक सहभागिता को मजबूत करते हुए नई पीढ़ी को अपनी सांस्कृतिक जड़ों से जोड़े रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
