चंदन सिंह | पेज 3 न्यूज़ वर्ल्डवाइड | नई दिल्ली
नई दिल्ली: इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल, दिल्ली (आईएफएफडी) के समापन दिवस पर भारत मंडपम में फिल्म ‘शतक: संघ के सौ वर्ष’ एवं लोकमाता देवी अहिल्याबाई पर आधारित लघु फिल्म की विशेष स्क्रीनिंग को दर्शकों ने खूब सराहा। इस मौके पर बड़ी संख्या में दिल्लीवासी, फिल्म प्रेमी और सिनेमा जगत से जुड़े लोग उपस्थित रहे।
दिल्ली सरकार के कला, संस्कृति एवं भाषा और पर्यटन मंत्री श्री कपिल मिश्रा ने फिल्म निर्माताओं और निर्देशकों की सराहना करते हुए कहा कि इस तरह की फिल्में नई पीढ़ी को राष्ट्र नायकों और उनके योगदान से परिचित कराती हैं। उन्होंने कहा कि ‘शतक’ फिल्म में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के संस्थापक डॉ. केशव बलिराम हेडगेवार, गुरूजी माधवराव गोलवलकर और बाला साहेब देवरस के नेतृत्व व राष्ट्रनिर्माण में उनके योगदान को प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत किया गया है।
उन्होंने कहा कि स्वयंसेवकों का देश के आंदोलनों में योगदान और कठिन समय में समर्पण प्रेरणादायक रहा है। जम्मू-कश्मीर को देश का अभिन्न हिस्सा बनाए रखने और गोवा की स्वतंत्रता में दिए गए बलिदान संघ की समर्पण भावना को दर्शाते हैं।
कपिल मिश्रा ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में राष्ट्रीय एकता, सुरक्षा और सांस्कृतिक राष्ट्रवाद से जुड़े संकल्प पूरे हो रहे हैं। उन्होंने अयोध्या में राम मंदिर, काशी विश्वनाथ, उज्जैन के महाकाल, गुजरात के सोमनाथ, उत्तराखंड के केदारनाथ और मथुरा के श्री कृष्ण जन्मभूमि मंदिरों के विकास का उल्लेख किया।
लोकमाता देवी अहिल्याबाई पर बनी फिल्म की सराहना करते हुए उन्होंने कहा कि रानी अहिल्याबाई होल्कर ने देश की धार्मिक और सांस्कृतिक धरोहर के संरक्षण में महत्वपूर्ण योगदान दिया। मंदिरों के निर्माण, पुनर्निर्माण और सामाजिक सुधारों में उनकी भूमिका उल्लेखनीय रही है।
उन्होंने यह भी कहा कि मुख्यमंत्री श्रीमती रेखा गुप्ता के नेतृत्व में दिल्ली तेजी से क्रिएटिव कैपिटल और इंटरटेनमेंट हब के रूप में विकसित हो रही है।
आईएफएफडी में शामिल प्रतिभागियों ने कहा कि इस तरह के मंच भारतीय सिनेमा को बढ़ावा देने के साथ-साथ अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रतिभाओं को जोड़ने का भी कार्य करते हैं।

