गोंदिया – वैश्विक स्तरपर भारत की आर्थिक राजधानी महाराष्ट्र का बजट भाषण 2026-27 पेश किया यह बजट भाषण लगभग करीब 80 मिनट तक चलाजिसकी शुरुआत में मुख्यमंत्री फडणवीस ने कहा कि यह बजट पूर्व वित्तमंत्री अजित पवार को समर्पित है।उनके योगदान को याद करते हुए उन्होंने भावुक श्रद्धांजलि दी। बजट में किसानों को राहत देने के लिए 2 लाख रुपये तक की कृषि कर्जमाफी की घोषणा की, यह पुण्यश्लोक अहिल्याबाई होकर किसान कर्जमाफी योजना के तहत लागू होगी। जिसका उद्देश्य ग्रामीण संकट कम करना और किसानों की आर्थिक स्थिति सुधारना।लाडकी बहिन योजना को जारी रखने पर जोर वह लखपति दीदी का विस्तार महिलाओं की आर्थिक भागीदारी और सामाजिक सुरक्षा बढ़ाने पर सरकार का फोकस बताया गयामहाराष्ट्र देश की आर्थिक इंजन है और देश को पाँच ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनाने में राज्य का बड़ा योगदान रहेगा. प्रादेशिक संतुलित विकास के लिए चार प्रमुख केंद्र तय किए गए हैं, जिनके तहत 16 उपकेंद्र निर्धारित किए गए हैं और आने वाले हर बजट में इसकी झलक दिखाई देगी। बजट में विजन विकसित महाराष्ट्र 2047 की झलक दिखी अपने बजट भाषण में उन्होंने बुनियादी ढांचे के विस्तार, कृषि क्षेत्र को सशक्त बनाने, उद्योगों में निवेश बढ़ाने और युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर सृजित करने पर विशेष जोर दिया।बजट में सड़क, मेट्रो और शहरी विकास परियोजनाओं के लिए बड़े प्रावधान किए गए हैं, जिससे राज्य की आर्थिक गति को और तेज करने का लक्ष्य रखा गया है। साथ ही किसानों के लिए योजनाओं के विस्तार, सिंचाई परियोजनाओं में निवेश तथा ग्रामीण क्षेत्रों के विकास पर भी सरकार ने ध्यान केंद्रित किया है।मुख्यमंत्री ने कहा कि यह बजट समृद्ध,आत्मनिर्भर और विकसित महाराष्ट्र के निर्माण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है, जिसका उद्देश्य राज्य की अर्थव्यवस्था को मजबूत करना और आम नागरिकों के जीवन स्तर को बेहतर बनाना है।
