
सावरकर का महान उद्घोष बुध नहीं युद्ध आज समय की आवश्यकता-मनीष पांडेय
महेंद्र त्रिपाठी
अयोध्या! वीर विनायक दामोदर सावरकर की 60वीं पुण्यतिथि के अवसर पर हिंदू महासभा द्वारा नया घाट स्थित नया मंदिर शीश महल अयोध्या में माल्यार्पण कर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए नमन किया गया इस अवसर पर हिंदू महासभा के राष्ट्रीय प्रवक्ता अधिवक्ता मनीष पांडेय ने कहा कि कहा गया सावरकर का महान उद्घोष बुध नहीं युद्ध आज समय की आवश्यकता है,10 मई 1957 को स्वतंत्रता संग्राम के शताब्दी वर्ष पर उनका दिया हुआ वक्तव्य आज भी प्रासंगिक है जिसमें उन्होंने कहा था कि आज हमें बुद्ध की आत्मघाती नीति नहीं बल्कि युद्ध की विजय प्रदायिनी वीर नीति को अपनाना होगा सावरकर का कथन वर्तमान समय में पूरी तरह सटीक बैठता है, श्री पांडेय ने आगे कहा कि सावरकर की तप त्याग और तपस्या के आगे वे कांग्रेसी क्षणभंगुर मात्र है जिन्होंने सावरकर के चरित्र हनन का प्रयास समय-समय पर किया है, श्री पांडेय ने यह भी कहा कि हिंदुत्ववादी और पवित्र गुरु शिष्य परंपरा के रूप में विकसित सावरकर और गोडसे के पवित्र रिश्ते पर जिस तरह कांग्रेसियों द्वारा कीचड़ उछाला गया उन्हें समलैंगिक करार दिया गया तो ऐसे कीचड़ भरी मानसिकता वाले कांग्रेसियों को नेहरू और गांधी के समलैंगिक व अपवित्र रिश्ते पर भी अपनी जुबान खोलनी चाहिए हिंदू महासभा के जिला उपाध्यक्ष महंत राम लोचन शरण शास्त्री राजन बाबा ने कहा कि सावरकर के चरित्र से युवाओं को प्रेरणा लेनी चाहिए और उनका चरित्र करने वाले को पहले अपने गिरेबान में झांकना चाहिए, सावरकर के विचारों और सिद्धांतों को अपनाना ही उन्हें सच्ची श्रद्धांजलि होगी श्रद्धांजलि देकर नमन करने वाले प्रमुख लोगों में आदि लोग प्रमुख रूप से उपस्थित रहे आयुष ,प्रिंस ,अवनीश, सूरज, अभिषेक सिंह, विमल सिंह ,इत्यादि लोक प्रमुख रूप से उपस्थित रहे