
महेंद्र त्रिपाठी
अयोध्या। संस्कार, सेवा और संवेदना की परंपरा को आत्मसात करते हुए विधायक वेद प्रकाश गुप्ता ने अपने पिता स्व. डॉ. कांति लाल गुप्ता की पुण्यतिथि के अवसर पर नया घाट स्थित सिचाई विभाग के गेस्ट हाउस में कम्बल वितरण व भण्डारे का आयोजन किया। सेवा कार्य के माध्यम से उन्होंने अपने पिता को श्रद्धांजलि अर्पित की। कार्यक्रम की शुरुआत स्व. डॉ. कांति लाल गुप्ता के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित करके की गई। इसके उपरांत विधायक ने जरूरतमंदों को कम्बल वितरित किया। कार्यक्रम के दौरान आयोजित भण्डारे में बड़ी संख्या में लोगो ने प्रसाद ग्रहण किया।
विधायक वेद प्रकाश गुप्ता ने कहा कि उनके पिता ने अपने पूरे जीवन में मानव सेवा को सर्वोच्च धर्म माना। वही सेवा संस्कार उन्हें विरासत में मिले हैं, जिन्हें वे अपने सार्वजनिक और राजनीतिक जीवन में निरंतर निभाने का प्रयास कर रहे हैं। गरीबों और वंचितों की सेवा को उन्होंने सदैव प्राथमिकता दी है और इसी संकल्प के साथ जनसेवा का मार्ग चुना है।
विधायक ने कहा कि सनातन संस्कृति में “सर्वे भवन्तु सुखिनः” की कामना निहित है और रामनगरी अयोध्या इस भाव की जीवंत मिसाल है। गरीबों के चेहरे पर मुस्कान लाने के लिए सक्षम और समर्थ व्यक्तियों को सकारात्मक भूमिका निभानी चाहिए। उन्होंने कहा कि केंद्र और प्रदेश सरकार अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति के उत्थान के लिए संकल्पित है और सरकारी योजनाओं का लाभ शत-प्रतिशत पात्रों तक पहुंच रहा है। कार्यक्रम के दौरान बड़ी संख्या में जरूरतमंदों को कम्बल वितरित किए गए। इस अवसर पर श्रीमती नरवेदा गुप्ता, चन्द्र प्रकाश गुप्ता, संजय शुक्ला, अमल गुप्ता, बालकृष्ण वैश्य, अनूप गुप्ता, पंकज गुप्ता, छोटे मिश्रा, तरुण मित्तल, कमल उपाध्याय, लाल जी मिश्रा, हरभजन गौड़, नंद लाल गुप्ता की प्रमुख रुप से मौजूदगी रही।